गांव-मोहल्लों तक पहुंची नशामुक्ति की मुहिम, जमीयत उलमा की माधोपुर पंचायत इकाई का गठन; सफल छात्राओं को किया गया सम्मानित
छातापुर/सुपौल/बिहार : माधोपुर पंचायत स्थित मदरसा जामिया आइशा लिल बनात परिसर की मस्जिद में रविवार को जमीयत उलमा की प्रखंड स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मौलाना इस्माइल कासमी ने की, जबकि संचालन मौलाना समीम ने किया। कार्यक्रम में बिहार जमीयत उलमा के आयोजक मौलाना मो. सलमान कासमी और मौलाना मो. फाइज कासमी बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए।
बैठक में सर्वसम्मति से जमीयत उलमा की माधोपुर पंचायत इकाई का गठन किया गया। इसमें मोती अहमद को अध्यक्ष, मौलाना इस्माइल कासमी को सचिव तथा कारी रूहुल्लाह और कारी मरगूब को उपाध्यक्ष चुना गया। वहीं कारी अकबर अली और मौलाना खालिद को सदस्य की जिम्मेदारी दी गई।
शिक्षा, समाज सुधार और नशामुक्ति पर जोर
बैठक में शिक्षा, समाज सुधार, नशामुक्ति, आपसी भाईचारा और दीनी तालीम को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। वक्ताओं ने कहा कि जमीयत उलमा का उद्देश्य दीन की खिदमत के साथ समाज की इस्लाह करना रहा है। वर्तमान समय में बच्चों और युवाओं को दीनी तालीम के साथ दुनियावी शिक्षा से जोड़ना भी जरूरी है ।शिक्षा को समाज में व्याप्त बुराइयों को दूर करने का महत्वपूर्ण माध्यम बताते हुए नशाखोरी जैसी सामाजिक बुराई के खिलाफ सामूहिक प्रयास की जरूरत पर भी चर्चा हुई। आपसी भाईचारा, इत्तेहाद और मोहब्बत को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया।
डीआईजी के अभियान से गांव-मोहल्लों तक पहुंची नशामुक्ति की मुहिम
कोसी क्षेत्र में नशामुक्ति को लेकर चल रहे प्रयासों की पृष्ठभूमि पर नजर डालें तो कोसी प्रक्षेत्र के डीआईजी डॉ. कुमार आशीष द्वारा नशे के खिलाफ शुरू की गई पहल को एक महत्वपूर्ण शुरुआत के रूप में देखा जा सकता है।
डीआईजी द्वारा चलाए गए ‘नशामुक्त कोसी अभियान’ का धीरे-धीरे कोसी के तीनों जिलों के बुद्धिजीवियों और सामाजिक रूप से सक्रिय लोगों पर प्रभाव पड़ा। इसके बाद नशामुक्ति का यह संदेश गांवों और मोहल्लों तक पहुंचा तथा स्थानीय स्तर पर बुद्धिजीवी युवाओं और सामाजिक लोगों की भागीदारी से गांव, मोहल्ला और प्रखंड स्तर पर नशामुक्ति अभियान शुरू होने लगे। इस तरह नशामुक्ति की मुहिम अब सामाजिक भागीदारी का रूप लेती दिखाई दे रही है, जिसमें स्थानीय युवाओं, बुद्धिजीवियों और आम लोगों की भूमिका महत्वपूर्ण बन रही है। बच्चों और युवाओं को नशे से दूर रखने तथा स्वस्थ और जागरूक समाज के निर्माण के लिए ऐसे सामूहिक प्रयासों को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अर्धवार्षिक परीक्षा में सफल छात्राओं को किया गया सम्मानित
कार्यक्रम के दौरान जामिया आइशा लिल बनात की अर्धवार्षिक परीक्षा में सफल छात्राओं को कुरआन, मेडल, पेन और किताबें देकर सम्मानित किया गया। छात्राओं की हौसला-अफजाई करते हुए उन्हें शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर कारी जालिम जमई, उप मुखिया मो. मुस्तुफा, मो. साबिर, कारी अकबर, मौलाना मो. मुबारक, मो. तमन्ना, मो. शहवाज, मो. फुलहसन और कारी मो. जमील सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
रिपोर्ट :- रियाज खान

