नालंदा : सरकार प्रवासी मजदूरों की मौत का लिस्ट सार्वजनिक करें : दिलीप कुमार

728x90
Spread the news

मुर्शीद आलम
नालंदा ब्यूरो
बिहार

नालंदा/बिहार : जिला कांग्रेस कमेटी के कार्यालय राजेंद्र आश्रम धनेश्वर घाट बिहार शरीफ में जिला अध्यक्ष दिलीप कुमार की अध्यक्षता में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन एक दिवसीय धरना दिया गया ।
धरनार्थियों को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष ने कहा की अभी जो हमारे राज्य एवं देश की हालात है, वह इस कोरोना संक्रमण काल में बद से बदतर स्थिति में आ गई है । जब से लॉक डाउन का समय आया है तो केंद्र एवं राज्य सरकार मिलकर अपनी जवाबदेही से मुकरते हुए पल्ला झाड़ते हुए जनता पर आत्मनिर्भर रहने के लिए छोड़ दिया है । सही मायने में अभी वह समय आया है जब देश में पूर्णरूपेण लॉक डाउन होना चाहिए था, जब देश में कोरोना मरीजों की संख्या बढ़ रही है, उस समय देश को अनलॉक करने का कोई औचित्य नहीं बनता है।

जिला कांग्रेस अध्यक्ष दिलीप कुमार की अध्यक्षता एवं जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से धरना के माध्यम से मुख्यमंत्री बिहार सरकार को एक छः सूत्री ज्ञापन मांगों के साथ जिलाधिकारी नालन्दा के द्वारा दिया गया है । जिसमें मुख्यमंत्री से माँग की गई है कि कोरोना संक्रमण के दौरान बिहार के जो लोग बिहार से बाहर फंसे हुए थे उनके आने के क्रम में जो भी मजदूर वर्ग या अन्य लोग दुर्घटना, भूखमरी के शिकार होकर काल कलवित हुए हैं उनकी जिम्मेवारी बिहार सरकार को अपने ऊपर लेते हुए उनके लिए उचित मुआवजा एवं उनके आश्रितों को सरकारी नौकरी की व्यवस्था करनी चाहिए, साथ ही जिला कांग्रेस कमेटी को उनका सूची भी उपलब्ध कराया जाए ताकि अगर सरकार उन्हें मदद नहीं करती है तो कांग्रेस पार्टी उनकी मदद के लिए तैयार है।
सभी तरह के खाते जनधन, पेंशन, किसान क्रेडिट खाता या अन्य किसी तरह का भी गरीबों का जो खाता है उसमें अविलंब ₹10000 सरकार की तरफ से दिया जाए, ताकि वह इस महामारी से लड़ने में सक्षम हो सकें। इनकम टैक्स के दायरे में नहीं आने वाले सभी खाताधारकों को अविलंब ₹10000 का भुगतान किया जाए। किसानों का कृषि लोन माफ किया जाए । लॉक डाउन के समय का जो भी दुकान व्यवसाय, शिक्षण संस्थान एवं अन्य कल कारखाने लॉक डाउन में प्रभावित हुए हैं, उनका बिजली बिल किस आधार पर दिया गया है, जबकि वह सरकार के आदेशानुसार ही 70 दिनों से बंद है, उस बिजली विपत्र को अविलंब वापस लिया जाए। शिक्षित बेरोजगारों को जो भी लोग मैट्रिक के बाद पढ़कर इंटर स्तरीय एग्जाम दिए हैं, या जो भी लोग ग्रेजुएट पास कर चुके हैं उन्हें सरकार अविलंब बेरोजगारी भत्ता दे, ताकि वह भी अपना परिवार का भरण पोषण कर सकें।
अंत में उन्होंने कहा कि सभी कोरोना बैरियर्स स्वास्थ्य कर्मी, एंबुलेंस कर्मी, मीडिया कर्मी, जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन एवं सामाजिक कार्यकर्ता जो भी लोग अपनी जान की परवाह किए बिना महामारी में जन सेवा में लगे हुए थे उनको धन्यवाद देते हुए उन्हें शुभकामनाएं दी।
धरना कार्यक्रम में जितेंद्र प्रसाद, अमोद कुमार, पाठक मुन्ना पांडे, अजीत कुमार, शकील देशनबी, नवप्रभात प्रशांत,उदय कुशवाहा, इंजीनियर राजेश कुमार, प्रोफेसर फरहत जवी, प्रोफेसर नायाब अली, अधिवक्ता सरफराज अहमद, मो० अताउद्दीन, हाफिज महताब, राजेंद्र चौधरी, मोहम्मद शमीम, हरिहरनाथ, महताब आलम गुड्डू, रंजीत कुमार पांडे, जालंधर यादव अधिवक्ता, ताराचंद मेहता, प्रोफेसर बच्चन पांडे के अलावे दर्जनों लोग मौजूद थे।


Spread the news