नालंदा : बेरोजगार स्नातकों और नियोजित शिक्षक की बहाली पर आर-पार की लड़ाई के मूड में है स्नातक अधिकार मंच

Spread the news

मुर्शीद आलम
नालंदा ब्यूरो
बिहार

नालंदा/बिहार: पटना स्नातक क्षेत्र के नौजवान स्नातक अधिकार मंच से जुड़ चुके हैं। अब उनके अधिकारों की रक्षा होगी। स्नातक अधिकार मंच पूरे राज्य में स्नातक बेरोजगारों की लड़ाई लड़ेगा।

संवाददाता सम्मेलन का आयोजन कर स्नातक अधिकार मंच के संयोजक दिलीप कुमार ने कहा कि आगामी अप्रैल में स्नातक विधान पार्षद के चुनाव में पटना स्नातक क्षेत्र से स्नातक अधिकार मंच से वे प्रत्याशी हैं। उन्होंने कहा कि पटना नालंदा और नवादा पटना स्नातक क्षेत्र में आता है जहां 1 लाख 19 हजार  मतदाता है। उन्होंने कहा कि आज तक इस सीट से जितने भी प्रत्याशी विजयी हुए, वह सभी स्नातकों का वोट लेकर भूल गये। स्नातक सीट से मिलने वाला फंड भी किसी भी विधान पार्षद ने स्नातकों के लिए खर्च नहीं किया। इसमें सबसे अधिक पढ़ें- लिखों की संख्या पिछड़ा, दलितों व अल्पसंख्यकों की आती है।

विज्ञापन

उन्होंने वर्तमान में पटना स्नातक के विधान पार्षद से सवाल किया है कि स्नातकों के बीच जाकर वे अवश्य बताएं कि उन्होंने सदन से लेकर सड़क तक कौन सा काम अपने स्नातक वोटरों के लिए किया है। दिलीप कुमार ने जोर देकर कहा कि यह मंच सभी स्नातकों को समान अधिकार दिलाने के लिए बना है। पटना स्नातक क्षेत्र में ही नहीं बल्कि पूरे बिहार के सभी प्रखंडों में एक-एक स्नातक भवन का निर्माण करवाया जाए, स्नातक बेरोजगारों को 10-10 हजार मासिक भत्ता दिया जाये, स्नातकों की हित की रक्षा के लिए स्नातक आयोग का गठन किया जाए, स्नातक अधिकार मंच उन शिक्षकों और सभी नियोजित कर्मियों की आवाज उठाने के लिए कटिबद्ध है, जो शिक्षक नियोजित कहलाते हैं।

उन्होंने कहा कि स्नातकों की हित की रक्षा के लिए सदा स्नातक अधिकार मंच लड़ाई  लड़ेगी।

इस अवसर पर प्रोफेसर नयव इमाम, मुन्ना पांडे, सत्येंद्र पासवान, अरविंद यादव, उदय शंकर ,जितेंद्र प्रसाद मौजूद थे।


Spread the news
advertise