पण्डित नेहरू की जयंती व वशिष्ठ नारायण की पुण्य तिथि पर एआईएसएफ ने किया याद

728x90
Spread the news

मधेपुरा/बिहार : देश के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू की जयंती सह बाल दिवस एवम् प्रख्यात गणितज्ञ डॉ वशिष्ठ नारायण सिंह की दूसरी पुण्यतिथि के अवसर पर वाम छात्र संगठन एआईएसएफ की बीएनएमयू इकाई ने कार्यक्रम आयोजित कर याद किया । संगठन की विश्वविद्यालय इकाई द्वारा आयोजित कार्यक्रम में सर्वप्रथम पण्डित नेहरू और वशिष्ठ नारायण सिंह की तस्वीर पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया गया।

इस अवसर पर अपने संबोधन में  एआईएसएफ के राष्ट्रीय परिषद् सदस्य सह बीएनएमयू व पीयू प्रभारी हर्ष वर्धन सिंह राठौर ने कहा कि प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू का स्वतंत्रता संग्राम और आधुनिक भारत की नींव रखने में जहां अतुल्यनीय योगदान है, वहीं महान गणितज्ञ डॉ वशिष्ठ नारायण सिंह की विलक्षण प्रतिभा अन्तर्राष्ट्रीय फलक पर भारत की पहचान की मजबूत कड़ी है। पण्डित नेहरू के जयंती को बाल दिवस के रूप में मनाना बच्चों के प्रति उनके सम्मान और लगाव को याद करने की कड़ी है। अपने व्यस्तम समय में भी उन्हें बच्चों से मिलना उनके साथ खेलना पसंद था उनका मानना था कि बच्चों से जुड़कर ही समाज और राष्ट्र की भविष्य को गढ़ा जा सकता है।

वहीं एआईएसएफ नेता राठौर ने बीएनएमयू के विजिटिंग प्रोफेसर रहे स्मृति शेष पद्म श्री महान गणितज्ञ डॉ वशिष्ठ नारायण सिंह को याद करते हुए कहा कि विलक्षण प्रतिभा होने के बाद भी उनके जीवन का अधिकांश हिस्सा गुमनामी के दौर में बीता निधन के बाद ही सही लेकिन भारत सरकार द्वारा उनकी प्रतिभा का सम्मान सराहनीय है। उन्होंने उपस्थित बच्चों से उनके जीवन चरित्र से प्रेरणा लेने की अपील की। कार्यक्रम में काजल और आशा ने कहा कि भारत के इतिहास में ऐसे अनगिनत हस्तियां रही जिसपर हर भारतीय को गर्व है पण्डित नेहरू और डॉ वशिष्ठ नारायण सिंह इसी की  कड़ी हैं।
इस मौके पर रोहित, रौशन, गौतम, धर्मेन्द्र, लक्ष्मी, नेहा, अंशु, प्रीति, प्रियंका, सिम्पल, मौसम, संजय, विजय सहित अन्य बच्चे उपस्थित रहे।

अमन कुमार
संवाददाता, सदर
मधेपुरा