
प्रेस विज्ञप्ति/
मधेपुरा/बिहार : 22 फरवरी को BNMU मधेपुरा में सीनेट की बैठक में BJP के विधायक नीरज कुमार सिंह बबलू द्वारा बैठक का विरोध कर रहे छात्रों को गुंडा बताने को लेकर जन अधिकार छात्र परिषद के यूनिवर्सिटी अध्यक्ष अमन कुमार रितेश और जिला अध्यक्ष रौशन कुमार बिट्टु ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर विधायक पर करारा हमला बोला है ।

अमन कुमार रितेश ने कहा कि विधायक नीरज कुमार बबलू आंदोलन कर रहे छात्र संगठन को गुंडागर्दी करने का आरोप लगाया गया जो सही नही है । विधायक जिस पार्टी के नेता है उसी पार्टी के छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने सबसे पहले यूनिवर्सिटी का गेट बंद कर आंदोलन करने का क्रेडिट लेना शुरू किया था, जबकि गेट बंद रहने के कारण अन्य छात्र संगठन मुख्य द्वार पर ही लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन कर रहे थे । बैठक में विधायक द्वारा कहा गया कि कुलपति के ढिलाई से छात्र नेता ऐसा करते है तो उनको बता देना चाहते हैं कि कुलपति शिक्षा के क्षेत्र से है, आपके ही तरह नहीं है, और सबको पता है आप का इतिहास, किस तरह आप राजनीतिक में आए। विधायक भूल गए कि वो भी एक जनप्रतिनिधि है । यदि नीरज कुमार बबलू छात्र नेता से माफी नही मांगते है तो इस बयान को लेकर उनके खिलाफ छात्र जाप राज्यव्यापी विरोध प्रदर्शन करेंगे ।

वही जनअधिकार छात्र परिषद के जिलाध्यक्ष रोशन कुमार बिट्टू ने कहा कि बीएनएमयू में पढ़ने वाले छात्र अधिकाशतः गरीब दलित और पिछड़े वर्ग से आते हैं। इसलिए मनुवादी सोच रखने वाले लोग साजिश के तहत 2012 के छात्रों के आधार पर ही रेशनलाइजेशन लागू कर दिया। जिससे राज्य सरकार और सत्ताधारी दल के मूकदर्शक विधायक जो दुर्भाग्यवश बीएनएमयू के सीनेट सदस्य भी है, उन्होंने बीएनएमयू में हो रही शिक्षकों की कमी पर सदन पर एक शब्द भी नही बोल पाए। जब जन अधिकार छात्र परिषद ने बीएनएमयू में शिक्षकों की कटौती पर सीनेट का विरोध कर रहे थे तो कुछ वो सीनेट सदस्य जो बीएनएमयू की दलाली को अपना जन्मसिद्ध अधिकार समझते हैं, उसे लगा कि हमारी निक्कामापन की पोल खुल गयी इसलिए अनाप-शनाप बयान देकर निकल गए।
