टीआरटी डेस्क :
छठ पर्व के मद्देनजर मधेपुरा डीएम और एसपी द्वारा जारी संयुक्त आदेश पर कड़ी आपत्ति जताते हुए राष्ट्रीय जनता दल, युवा राजद के प्रदेश अध्यक्ष कारी शोएब ने कहा कि जिलाधिकारी, मुख्यमंत्री के प्रतिनिधि होते हैं, और डीएम अपने जिला के सरकार। इसलिए यह आदेश सरकार का आदेश माना जाएगा।
उन्होंने कहा कि क्या मान लिया जाय कि नागपुर से पारित किया हुआ कानून अब बिहार में लागू हो गया है। सरकारी आंकड़े के अनुसार देश में बिहार, दंगा में नम्बर एक स्थान प्राप्त किये हुआ है, और सरकार के ऐसे आदेश से यह तो दुनिया में नंबर वन का स्थान प्राप्त कर लेगा। इस आदेश से यह मालुम होता है कि पुलिस प्रशासन को खुली छुट दी जा रही है, कि दंगाइयों के साथ मिलकर इसी बहाने हिन्दू-मुस्लिम एकता को खंडित किया जाय।
