खुद के दम पर अपनी पहचान बना रहे हैं संजय कुमार सिंह

अनूप ना. सिंह
स्थानीय संपादक

पटना/बिहार : बिहार के छपरा जिले के माझी थाना अंतर्गत नचाप पंचायत के महुई गांव में श्री चंद्रदीप सिंह के यहां पुत्र रत्न के रूप में जन्मे संजय कुमार सिंह बिहार के हजारों युवाओं के लिए आज की तारीख में प्रेरणा स्रोत हैं।

 एक तरफ जहां बिहार में रोजी रोजगार के अभाव में हजारों लाखों की तादाद में लोग दूसरे प्रदेशों में पलायन करते हैं, वहीं दूसरी तरफ संजय कुमार सिंह ने दिल्ली में बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन के क्षेत्र में कदम रखने के बाद बिहार की राजधानी पटना को अपनी कर्मभूमि बनाई ।

बिहार में 87 से ज्यादा सरकारी और निजी प्रोजेक्ट्स समय पर पूरा कर अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाने वाले संजय कुमार सिंह भोजपुरी भाषा के विकास में भी अपना शपथ योगदान दे रहे हैं। फिलहाल यह अपनी व्यस्तता के बावजूद भोजपुरी भाषा में पीएचडी कर रहे हैं।

 संजय कुमार सिंह ने बिहार के माटी का कर्ज उतारने के लिए पटना को अपनी कर्मभूमि बनाया है। इनकी सफलता में इनकी पत्नी मनीषा कुमारी का भी शतत योगदान है। जिन्होंने कदम कदम पर इन्हें आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।

 एक मध्यमवर्गीय परिवार से आने वाले संजय कुमार सिंह ने अपने अदम्य साहस कर्मठता और अपनी लगन के बल पर बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन के क्षेत्र में बिहार में अपनी कंपनी शिवम कंस्ट्रक्शन को एक बेहतर मुकाम दिलाया है। गरीब लाचार असहाय लोगों की सेवा के लिए सदैव तत्पर रहने वाले संजय कुमार सिंह का मानना है कि पूरी ईमानदारी और लगन के साथ कोई भी कार्य किया जाए तो उसमें सफलता मिलती मिलती है लेकिन सफलता के लिए सजगता भी जरूरी है।

Check Also

मधेपुरा : पेड़ प्रकृति की अमूल्य धरोहर- ललित कुमार सिंह

🔊 Listen to this चौसा से संवाददाता नौशाद आलम की रिपोर्ट : चौसा/ मधेपुरा/ उदाकिशुनगंज …